भारत की आवाज • सच के साथ
Updated: 02 September 2026 | Hindi News Portal
मुद्दा
आज का मुद्दा
नजर आपकी खबर आपकी
ब्रेकिंग
करोड़ों के राजस्व पर सवाल, जांच के बजाय फिर चिनार इम्पेक्स को जिम्मेदारी देने की तैयारी! ग्रेटर नोएडा के सभी जलाशयों की होगी सफाई स्याना: त्योहारों को लेकर कोतवाली में शांति समिति बैठक, एसडीएम और सीओ ने दिए सख्त निर्देश श्याम भोज मंदिर को ऐतिहासिक धरोहर घोषित करने की मांग बिरौली मंडल अध्यक्ष रामपाल सिंह खालौर ने अपनी टीम के साथ भाजपा जिलाध्यक्ष को दी जन्मदिन की बधाई नगर क्षेत्र में चल रहे अवैध होटल, गेस्ट हाउस बंद कराने की मांगो को लेकर भाकियू संपूर्ण भारत का धरना बुलंदशहर: मिशन शक्ति केंद्रों को लेकर SSP ने की समीक्षा, लापरवाही न बरतने के निर्देश शादी के 5 महीने बाद ही हुआ तलाक, ईशा रिखी संग रिश्ते पर बादशाह ने किया ये खुलासा अनुबंध खत्म, फिर भी चिनार इम्पेक्स के फुटओवर ब्रिज पर विज्ञापन जारी! यौवन के भ्रमजाल में प्रेम का तिरोहण — वासना का महामार्ग
आज का मुद्दा पर प्रकाशित खबरों में स्थानीय संदर्भ, सत्यापन और पाठकों के काम की जानकारी को प्राथमिकता दी जाती है।
Lifestyle

हेपेटाइटिस से जुड़े मिथकों को तोड़ें, समय रहते कराएं जांच : डॉ संजय कुमार

हेपेटाइटिस एक ऐसी बीमारी है, जिसमें लिवर (जिगर) में सूजन आ जाती है। कई बार इसके शुरुआती लक्षण दिखाई नहीं देते, इसलिए इसे साइलेंट डिजीज भी कहा जाता है।

आज का मुद्दा डिजिटल डेस्क | Updated: 24 Jul 2026, 06:51 PM | Views: 0 | 1 मिनट पढ़ें
हेपेटाइटिस से जुड़े मिथकों को तोड़ें, समय रहते कराएं जांच : डॉ संजय कुमार

इस रिपोर्ट में क्या खास है?

  • खबर को स्थानीय पाठकों के संदर्भ में सरल भाषा में समझाया गया है।
  • जहां उपलब्ध हो, आधिकारिक जानकारी, प्रत्यक्ष बयान और जमीन से मिली जानकारी को आधार बनाया जाता है।
  • नई जानकारी आने पर रिपोर्ट को अपडेट किया जाता है और तारीख ऊपर दी जाती है।

हेपेटाइटिस एक ऐसी बीमारी है, जिसमें लिवर (जिगर) में सूजन आ जाती है। कई बार इसके शुरुआती लक्षण दिखाई नहीं देते, इसलिए इसे साइलेंट डिजीज भी कहा जाता है। हर साल 28 जुलाई को विश्व हेपेटाइटिस दिवस मनाया जाता है। इसका उद्देश्य लोगों को हेपेटाइटिस के प्रति जागरूक करना और समय पर जांच व इलाज के लिए प्रेरित करना है।

मैक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, नोएडा के सीनियर डायरेक्टर गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, हेपेटोलॉजी एवं एंडोस्कोपी, डॉ. संजय कुमार ने बताया कि अक्सर लोग सोचते हैं कि हेपेटाइटिस केवल गंदा खाना या दूषित पानी खाने-पीने से होता है, जबकि यह पूरी तरह सही नहीं है। हेपेटाइटिस A और E दूषित भोजन और पानी से फैलते हैं, लेकिन हेपेटाइटिस B और C संक्रमित खून, असुरक्षित सुई और असुरक्षित यौन संबंधों के कारण भी हो सकते हैं। फैटी लिवर, शराब का अधिक सेवन और कुछ दवाइयां भी लिवर को नुकसान पहुंचा सकती हैं। शुरुआती चरण में मरीज को केवल थकान, कमजोरी, भूख कम लगना या हल्का बुखार महसूस हो सकता है। बीमारी बढ़ने पर पीलिया, गहरे रंग का पेशाब, उल्टी और पेट में दर्द जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं।

 इसलिए समय पर जांच कराना बहुत जरूरी है। डॉ. कुमार ने कहा यह धारणा भी गलत है कि हेपेटाइटिस का इलाज संभव नहीं है। अधिकांश मरीज सही इलाज और देखभाल से पूरी तरह ठीक हो सकते हैं। वहीं लंबे समय तक रहने वाले हेपेटाइटिस B और C का इलाज दवाइयों से किया जाता है। गंभीर मामलों में लिवर ट्रांसप्लांट की जरूरत भी पड़ सकती है। 

साफ पानी और स्वच्छ भोजन का सेवन करें, शराब से बचें, स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं, संक्रमित सुई या रेजर साझा न करें और हेपेटाइटिस B का टीका जरूर लगवाएं। सही जानकारी, समय पर जांच और उचित इलाज से हेपेटाइटिस से होने वाली गंभीर समस्याओं से बचा जा सकता है।

आज का मुद्दा Hindi News Breaking News Lifestyle

Author: आज का मुद्दा डिजिटल डेस्क

आज का मुद्दा जनता से जुड़े मुद्दों, स्थानीय खबरों और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को प्रमुखता से प्रकाशित करता है।

संबंधित खबरें